मध्य पूर्व में ईरान-इज़राइल संघर्ष के बीच दुबई और अबू धाबी के एयरपोर्ट बंद होने से हजारों यात्री फंस गए हैं। अमीर कारोबारी और हाई-प्रोफाइल व्यक्ति प्राइवेट जेट चार्टर के लिए $350,000 (लगभग ₹3.2 करोड़) तक खर्च कर सुरक्षित स्थानों की ओर भाग रहे हैं। कई भारतीय व्यापारी भी इस संकट में फंसे हुए हैं, जबकि कुछ कंपनियां जैसे EaseMyTrip भारतीयों के लिए विशेष चार्टर फ्लाइट की व्यवस्था कर रही हैं।
मध्य पूर्व संकट: दुबई में फंसे कारोबारियों की मुश्किलें और महंगे निकास के रास्ते
मध्य पूर्व में तेजी से बढ़ते तनाव के कारण दुबई, जिसे लंबे समय से विश्व का सबसे सुरक्षित और लग्जरी व्यापार केंद्र माना जाता रहा है, अब खतरे की जद में आ गया है। अमेरिका और इज़राइल के संयुक्त अभियान ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ के जवाब में ईरान ने यूएई सहित खाड़ी क्षेत्र में मिसाइल और ड्रोन हमले किए हैं। इन हमलों से दुबई, अबू धाबी और दोहा जैसे प्रमुख एयरपोर्ट बंद हो गए हैं, जिससे कमर्शियल फ्लाइटें पूरी तरह ठप पड़ गई हैं।
इस स्थिति में फंसे अमीर कारोबारी और हाई-नेट-वर्थ इंडिविजुअल्स प्राइवेट जेट चार्टर की भारी मांग कर रहे हैं। प्राइवेट जेट ब्रोकरेज फर्मों के अनुसार, दुबई से यूरोप तक की एक सिंगल चार्टर्ड फ्लाइट की कीमत $350,000 (करीब ₹3.2 करोड़) तक पहुंच गई है। यह राशि सामान्य समय से कई गुना अधिक है। कई भारतीय कारोबारी भी इस संकट का सामना कर रहे हैं, जो व्यापारिक मीटिंग्स, निवेश दौरों या फैमिली विजिट के लिए दुबई पहुंचे थे लेकिन अब वापसी का कोई आसान रास्ता नहीं बचा है।
कुछ अमीर व्यक्ति सड़क मार्ग अपनाकर सऊदी अरब के रियाद तक 10 घंटे की ड्राइव कर रहे हैं, जहां से वे यूरोप के लिए प्राइवेट या उपलब्ध कमर्शियल फ्लाइट पकड़ रहे हैं। विमाना प्राइवेट जैसी कंपनियों के सीईओ अमीरह नारन ने बताया कि उनके क्लाइंट्स में बिजनेस एग्जीक्यूटिव्स, फैमिलीज और एंटरप्रेन्योर्स शामिल हैं, जो तत्काल निकासी के लिए भारी रकम चुकाने को तैयार हैं।
भारतीय कारोबारियों की स्थिति खास तौर पर चिंताजनक है। इंदौर से कई बड़े व्यापारी और पूर्व विधायक संजय शुक्ला जैसे लोग फंसे रहे, जहां धमाकों और मिसाइलों के डर से लोग शहर से दूर रिसॉर्ट्स में शिफ्ट हो गए। यूएई सरकार ने कुछ भारतीय यात्रियों के लिए स्पेशल फ्लाइट EK-506 चलाई, जो दुबई से मुंबई पहुंची और फिर इंदौर के यात्रियों को घर लौटाया। एयर इंडिया ने भी AI-916D जैसी स्पेशल फ्लाइट्स से 149 भारतीयों को निकाला।
इस बीच, EaseMyTrip जैसी भारतीय ट्रैवल कंपनियां फंसे भारतीयों के लिए चार्टर फ्लाइट सर्विस शुरू कर रही हैं। कंपनी के फाउंडर निशांत पिट्टी ने बताया कि सीटें सीमित हैं और इच्छुक यात्री तुरंत रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। हालांकि, ये सर्विसेज भी महंगी हैं और सामान्य यात्री इन्हें अफोर्ड नहीं कर पा रहे।
प्रभावित क्षेत्र और यात्रा विकल्प
दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (DXB) : बंद, कोई कमर्शियल उड़ान नहीं।
अबू धाबी एयरपोर्ट : बंद, मिसाइल हमलों का खतरा।
विकल्प : सड़क से ओमान (मस्कट, 4 घंटे) या सऊदी अरब (रियाद, 10+ घंटे) पहुंचकर वहां से चार्टर फ्लाइट।
चार्टर कॉस्ट : $232,000 से $350,000 (₹2 करोड़ से ₹3.2 करोड़) तक, यूरोप के लिए।
भारतीयों के लिए : स्पेशल फ्लाइट्स और प्राइवेट चार्टर की व्यवस्था, लेकिन सीमित क्षमता।
भारतीय कारोबारियों पर असर
दुबई में भारतीय व्यापारियों की संख्या लाखों में है, जो रियल एस्टेट, ट्रेडिंग, ज्वेलरी और टेक सेक्टर में सक्रिय हैं। संकट से उनके बिजनेस मीटिंग्स रद्द हो रही हैं, सप्लाई चेन प्रभावित हो रही है और कई लोग परिवार से अलग फंसे हुए हैं। लुधियाना के एक टेक्सटाइल कारोबारी कपिल बत्रा और उनके बेटे ईशान जैसे लोग छुट्टियों पर गए थे लेकिन अब वापसी नहीं हो पा रही। परिवार वाले चिंतित हैं और सरकार से तत्काल निकासी की मांग कर रहे हैं।
यह संकट दुबई की इमेज को भी प्रभावित कर रहा है, जहां सालाना करोड़ों पर्यटक और निवेशक आते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर स्थिति लंबे समय तक बनी रही तो खाड़ी क्षेत्र की अर्थव्यवस्था पर गहरा असर पड़ेगा, खासकर भारतीय डायस्पोरा पर जो यहां बड़े पैमाने पर बिजनेस चला रहे हैं।